Erotic Stories
Free Desi Indian Hindi Sex stories, Tamil sex stories

रानी ने दिया ज़बर्दत ब्लोजॉब (Part-1)

⏰ 1 min read

रानी मेरा बहुत ख्याल रखती है, मेरे कपडे धोने से लेकर मेरे खाने पीने का पूरा ध्यान रखती है. पर इस बार उसने मुझसे दूर रहने की हद कर दी, सेक्स न मिलने की वजहें से कल मुझे नाइटफॉल हो गया और मैंने अंडरवियर धोने के कपड़ो में डाल दिया, सुबह वो कपड़े लेकर चली गई और मैं भी अपने काम में लग गया, रात को खाना खाने के बाद में अपने कमरे में करीब दस बजे लेटा हुआ था की वो कमरे में आई और दरवाज़ा बंद कर लिया, कमाल लग रही थी हलके नीले रंग की नाइटी और उसके नीचे उसकी सफ़ेद ब्रा और लाल पैंटी साफ़ दिख रही थी, मैं उठकर बैठ गया ” रानी कमाल लग रही हो ” , उसने अपनी नाइटी उठाई और मेरे गोद में बैठ गई और कस के मेरे होटों को चूमा ” और मेरा राजा कैसा है? ” , उसने अपनी नाइटी बड़े ही सेक्सी अंदाज़ सो उतार कर साइड फेख दी, और मेरे हाथों को अपने मुम्मो पर रख दिया, मैंने उनको हलके से दबाया ” रानी आज बड़ी गरम मूड में लग रही हो ” . उसने अपने पैर मेरे कमर पे बांध लिए ” मूड में तो मैं तभी से हूँ जब से सुबह तुम्हारा अंडरवियर धोया है ” , मैंने उसने ब्रा के हुक खोल दिए और उसका ब्रा दूर फेख दिया ” क्या करू इतने दिनों से तुमने हल्का किया नहीं ” और उसके मुम्मो को चूमने लगा ” ओह्ह्ह आंटी कितने सुन्दर है तुम्हारे मुम्मे, अब भी तने, गज़ब! ” वो मेरे बालो को सहला रही थी ” सुबह जब तुम्हारे अंडरवियर में वो दाग देखा तो, मुझसे रहा नहीं गया की मेरे राजा को मेरी सेवा की ज़रुरत है, मैंने उसके रसीला होटों को चूमा ” इतने दिन दूर रही, और याद आई तो दाग देखकर? ” . उसने मेरे होटों को ज़ोर से चूमा ” बहुत याद आई, पर कुछ दिन रुक गए तो आज मिलने, का मज़ा भी दुगना होगा ” . मैंने उसके गरदराए हुए बदन को सहलाते हुए उकसी पैंटी में हाथ डाल दिया और उसके मांसल चूतड़ों को पकड़ लिया ” आंटी बाल तो नहीं काटे न? ” , वो हंसी और दोनों हाथों से मेरा चेहरा पकड़ा ” आज मैं तुम्हारे लिए ही तैयार होकर आई हूँ ” और मेरे निचले होंठ को चूसने लगी, उसने मुझे लेटा दिया और मेरे शरीर को चूमते हुए नीचे जाने लगी, उसने मेरे शॉर्ट्स उतार दिया और मेरे आधे तने हुए लण्ड को चूमने लगी और मेरे टट्टे को चूसने लगी, मेरे रोंगटे खड़े कर दिए उसने, मेरा लण्ड भी तेज़ी से उसे सलामी देने लगा, मेरे टट्टे गरम होने लगे ” ओह्ह्ह आंटी आज तो तुम्हारे रंग ही अलग है ” , वो मेरे लण्ड को चाटते हुए मेरे मोटे टोपे पे हलके दांत लगा रही थी ” हऐ साहिल तुम्हारा टोपा और मोटा लग रहा है आज, मैं तो कायल हूँ इसकी ” , उसने टोपा मुँह में लिया और चूसने लगी. मेरे आह निकल गई ” अह्ह्ह आंटी क्या कर रही हो बहुत मज़ा आ रहा है टट्टों को भी करो ” वो टट्टों को चूसने लगी और लण्ड को कस के पकड़ लिया ” ओह्ह्ह साहिल मुझे भी तुम्हारे घोड़े जैसे टट्टों को चूसने में मज़ा आ रहा है सससस ” , उसने उन्हे छोड़ दिया और मेरे टोपे को चूमा ” आंटी को पीना है ” , मैं मुस्कुराया ” आंटी क्या हुआ है तुम्हे, बहुत गरम हो रही हो, मुझे भी अपनी चूत का स्वाद लेने दो ” , उसने मेरे पेट पे हाथ फेरा और दूसरे से मेरे टट्टों को पकड़ लिया ” उसके लिए पूरी रात है तुम्हारे पास ” , उसने टोपा मुँह में लिया और बिलकुल फिल्मो की तरह चूसने लगी और कुछ ही पलों में कराह रहा था ” ओह्ह्ह रानी मेरी जान चूस इसे और पी मैं बस झड़ने वाला हूँ अह्ह्ह हहहह ” , वो धीरे धीरे मुँह हिलाने लगी और मेरे टट्टों को मसलने, मैं अब बहुत करीब था ” अह्ह्ह रानी बस थोड़ा और हहहह हहह ” और मेरा माल छूट गया, उसने मेरे टोपे पे अपने रसीले होंठ बंद कर लिए और टाट्टो को मसलती रही और मुझे तड़पते हुए देखती रही और पीती रही, आखरी बूँद भी उसने चाट ली और मेरे ऊपर बैठ गई ” कैसा लगा तुम्हारी रानी ने हल्का किया न अपने राजा को? ” . मैंने उसके तने हुए निप्पलों को हलके से दबाया ” रानी पीया क्यों? ” उसने मेरे लण्ड को पकड़ा ” चलो अब अपनी रानी को कुश करो, पहले मेरी कच्छी फाड़कर मेरी चाटो फिर अपना हथौड़े जैसे लण्ड से मुझे प्यार करो “

This content appeared first on new sex story .com

Also Read: How I Lost My Virginity To My Aunt

This story रानी ने दिया ज़बर्दत ब्लोजॉब (Part-1) appeared first on erosstories.com